नीमच। (AP NEWS EXPRESS)
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के तहत विजयादशमी पर शहर संघ की स्थानीय शाखा ने इस अवसर पर अनुशासित तरीके से भव्य चल समारोह निकाला
जिसका जगह-जगह मंच बनाकर फूल बरसाकर अभूतपूर्व स्वागत किया गया। संचलन शासकीय बालक उमावि क्रमांक -2 स्कूल मैदान से शुरू होकर नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरा जिसका समापन पुनः उद्गम स्थल पर हुआ। पथ संचलन को लेकर स्वयंसेवक प्रमुखों के नेतृत्व में लगभग एक माह से तैयारी कर रहे थे। सुबह 9 बजे शासकीय बालक उमावि क्रमांक -2 मैदान से स्वयंसेवक गणवेश में एकत्रित हुए। यहां राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के मंचासीन पदाधिकारियों ने भारत माता, संघ के संस्थापक डॉ. हेडगेवार एवं गुरुजी गोलवलकर के चित्र पर माल्यार्पण व पूजन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। ध्वज प्रणाम के साथ संध प्रार्थना हुई। तत्पश्चात मंचासीन अधिकारी प्रांत सह व्यवस्था प्रमुख बलवंतसिंह हाड़ा का बौद्धिक हुआ। जिसमें उन्होंने संघ के 100 वर्ष की यात्रा पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि इस 100 साल की यात्रा में संघ ने दैनिक शाखाओं से अर्जित संस्कारों से समाज का अटूट विश्वास और स्नेह प्राप्त किया।
समाज को पंच परिवर्तन का उपदेश दिया। कार्यक्रम में जिला संघ चालक अनिल जैन, विभाग संघ चालक सतीश खंडेलवाल भी मंचासीन थे। अध्यक्षता अधिवक्ता प्रवीर घोष ने की। स्वयंसेवक अनुशासित पथ संचलन में हाथों में दंड लेकर चल रहे थे। पथ संचलन में नीमच नगर की बस्तियों के लगभग 5 हजार स्वयंसेवकों ने भाग लिया।
पथ संचलन में एक वर्ष के नन्हा बच्चा युग पिता रौनक लोढ़ा जैन भी स्वयंसेवक के गणेश में शहर वासियों की राष्ट्रभक्ति को संदेश देता नजर आया और आकर्षण का केंद्र बना।
पथ संचलन-स्कूल परिसर से पथ संचलन शुरू हुआ। घोष की मधुर ध्वनि के साथ स्वयंसेवक कदमताल करते हुए गायत्री मंदिर रोड, हेमू कालानी चौराहा, कमल चौक, फव्वारा चौक, बस स्टैंड,
मूलचंद मार्ग, अग्रसेन वाटिका चौराहा, जाजू बिल्डिंग, तिलक मार्ग, घंटाघर, नायका गली, कमल चौक, टैगोर मार्ग, विजय टॉकीज चौराहा, गोल सर्कल से अजमीढ़ सर्कल, एलआईसी रोड, अंबेडकर मार्ग, विश्वकर्मा सर्कल से गायत्री मंदिर मार्ग होता हुआ, पुनः स्कूल मैदान में पहुंचा।
पथ संचलन पर जेसीबी से पुष्प वर्षा व कारपेट बिछाकर आत्मीय स्वागत मैं सबको गदगद कर दिया। शहर भर में लगभग ढाई सौ स्थान पर मंच बनाकर स्वयंसेवकों का स्वागत किया गया।
*समाजसेवी अरुल अशोक अरोरा ने बरसाए फुल*
40 चौराहे पर समाजसेवी धर्म उपासक अशोक अरोरा व उनके पुत्र अरुल ने स्वयंसेवकों पर पुष्पवर्षा कर उनका आत्मीय अभिनंदन स्वागत किया।
संघ के 100 वें स्थापना दिवस को अविस्मरणीय बनाने के लिए संघ के कार्यकर्ताओं ने घर-घर दस्तक देकर लोगों को आमंत्रित किया था। परिणाम स्वरूप यह ऐतिहासिक आयोजन संपन्न हुआ। पथ संचलन के दौरान जगह-जगह स्वयंसेवकों का आतिशबाजी से स्वागत अभिनंदन हुआ।

