एमपी में बड़ा खुलासा: दमोह में फर्जी पासपोर्ट, जबलपुर में गिरफ्तारी
जबलपुर। मध्य प्रदेश के जबलपुर में 5 अफगानी घुसपैठियों को ATS कोर्ट में पेश किया गया. सुनवाई के बाद कोर्ट ने घुसपैठियों को 10 मार्च तक न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है. आरोपियों ने दमोह पासपोर्ट ऑफिस से फर्जी पासपोर्ट बनवाए थे. आरोपी छोटे शहरों के पासपोर्ट ऑफिस में फर्जी पतों के आवेदन देते थे. एटीएस ने गुरुवार को सुनवाई के बाद ज्यूडिशियल रिमांड पर जेल भेज दिया है।
आरोपियों की गिरफ्तारी कोलकाता से हुई थी
सभी अफगानी घुसपैठियों को एटीएस ने 3 दिन पहले कोलकाता से गिरफ्तार किया था. इनमें जिया उल रहमान, सुल्तान मोहम्मद, रजा खान, सैयद मोहम्मद और जफर खान शामिल हैं. इसके बाद एटीएस आरोपियों को जबलपुर लेकर आई थी. आरोपियों से पूछताछ के लिए दो दिन की रिमांड मिली थी. वहीं 25 फरवरी को आरोपियों को एटीएस कोर्ट में पेश किया गया. दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपियों को 20 मार्च तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
शक ना हो, इसलिए छोटे शहरों से बनवाते थे फर्जी पासपोर्ट
एटीएस ने कोर्ट में बताया कि जांच में कई बातों का खुलासा हुआ है. जांच में सामने आया है कि आरोपी जानबूझकर छोटे शहरों के पासपोर्ट ऑफिस से फर्जी पासपोर्ट बनवाते थे, जिससे कि किसी को शक ना हो. एटीसएस ने कोर्ट में दलील देते हुए बताया कि विदेशी नागरिकों का 6 सालों से अवैध तरीके से भारत में रहकर पासपोर्ट बनवाना खतरनाक है।
2018-19 में काबुल से दिल्ली होते हुए कोलकाता पहुंचे
एटीएस की जांच में ये बात सामने आई है कि आरोपी साल 2018-19 में भारत में दाखिल हुए थे. आरोपी काबलु से दिल्ली होते हुए कोलकाता पहुंचे थे. एमपी एटीएस ने आरोपियों को कोलकाता से गिरफ्तार किया था. हालांकि एटीएस की जांच के दायरे में पासपोर्ट विभाग के कई अधिकारी हैं. ये वही अधिकारी हैं, जिन्होंने आरोपियों की पोसपोर्ट बनवाने में मदद की थी।

बंगाल चुनाव 2026: बीजेपी की चौथी सूची आई, दूसरी सूची में बदला एक नाम
पुरातत्व नीतियों के खिलाफ मोर्चा विकास कार्यों में देरी से नाराज़ जनता, दिल्ली तक पहुंची आवाज़
अमित शाह का बड़ा आरोप, राहुल गांधी पर नक्सलवाद से जुड़ा बयान
नक्सल ऑपरेशन में मिली बड़ी सफलता, सुरक्षा बलों ने किया डंप रिकवर
न्याय का फैसला: नाबालिग से दुष्कर्म करने वाले को 20 साल जेल, 40 हजार का जुर्माना
मध्यप्रदेश में उद्योग और निवेश की अपार संभावनाएं बताईं
बाद में उसकी मृत्यु हो गई, जिससे परिवार में गहरा दुख
1 अप्रैल से दूध महंगा, रोजमर्रा की खरीददारी पर होगा असर
यात्रियों के लिए आसान हुआ सफर, अंबिकापुर से दो बड़े शहरों के लिए सीधी उड़ान